02 मार्च, 2011

ट्रिपल-12 पर देना होगा जोर

केरल में 12-12-12 में होंगे 35वें राष्ट्रीय खेल
:झारखंड के 34वें राष्ट्रीय खेलों में मिले सात पदकों के बाद छत्तीसगढ़ को ट्रिपल-12 पर जोर देना होगा। झारखंड के बाद केरल में 12 दिसंबर 2012 को 35वें राष्ट्रीय खेलों का आयोजन किया जाएगा। झारखंड में राज्य को मिले सात पदकों से ज्यादा पदक हासिल करने के लिए छत्तीसगढ़ को अभी से तैयारियां शुरू करनी होंगी। राज्य के तमाम खेल विशेषज्ञों ने अभी से तैयारियां शुरू करने पर जोर दिया है।
रायपुर। छत्तीसगढ़ को 37वें राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी मिली है जिसकी  तैयारियां प्राम्भ कर दी गई हैं। मंगलवार को 37वें राष्ट्रीय खेलों के लिए गवर्निंग काउंसिल की बैठक का यहां मुख्यमंत्री निवास में आयोजन किया गया। इसके साथ ही 35वें राष्ट्रीय खेलों की तैयारियों पर भी अभी से जोर दिया जा रहा है। राज्य के खेल विशेषज्ञों का मत है कि केरल के लिए तैयारियां प्रारभ कर देनी चाहिए। छत्तीसगढ़ को 33वें और 34वें राष्ट्रीय खेलों की तरह 35वें राष्ट्रीय खेलों में भी हैंडबाल और बास्केटबाल व शूटिंग जैसे खेलों में पदक की उम्मीद है। राज्य बास्केटबाल संघ के सचिव राजेश पटेल के मुताबिक लांग टर्म प्लानिंग से ही काफी बेहतर परिणाम मिलते हैं और बास्केटबाल के खिलाड़ी सालभर नियमित अभ्यास  करते हैं जिसका काफी अच्छा रिजल्ट सामने आता है। बास्केटबा की तरह दूसरे खेलों के लिए  तैयारियां शुरू कर देनी चाहिए। राज्य ओलंपिक संघ के सचिव बशीर अहमद खान भी यही कहते हैं कि 37वें राष्ट्रीय खेलों की तैयारियों के साथ-साथ केरल की तैयरियां  प्रारभ  कर देनी चाहिए जिससे भविष्य में काफी अच्छे परिणाम मिल सकें। केरल अगले साल होने जा रहे 35वें राष्ट्रीय खेलों की मेजबानी करेगा। इन खेलों की जिम्मेदारी 26 फरवरी को रांची में 34वें राष्ट्रीय खेल के समापन समारोह के दौरान केरल को सौंपी गई। यह दूसरी बार है जब केरल राष्ट्रीय खेल की मेजबानी करेगा। केरल ने इससे पहले इसने वर्ष 1987 में इन खेलों की मेजबानी की थी। 35वें राष्ट्रीय खेल का आयोजन 12 दिसम्बर 2012 को राज्य की राजधानी तिरुवनंतपुरम में किया जाएगा। राष्ट्रीय खेल का उद्घाटन व समापन केरल की राजधानी तिरुवनंतपुरम में किया जायेगा। यह राष्ट्रीय खेल राज्य के सात जिलों में आयोजित किया जाएगा।


झारखंड के खिलाड़ियों को दूसरे दिन नगद पुरस्कार

इसे झारखंड के खिलाड़ियों की बेहतर किस्मत कहें या सरकार की उदारता, 34वें राष्ट्रीय खेलों को समापन समारोह के दूसरे दिन पदक विजेता खिलाड़ियों को लाखों रुपए की नगद पुरस्कार राशि से सम्मानित किया गया। कुल 96 पदक विजेता खिलाड़ियों को करीब चार करोड़ रुपए से भी ज्यादा के नगद पुरस्कार दिए गए। पदक विजेताओं के लिए सात लाख रुपए से लेकर तीन लाख रुपए तक के नगद पुरस्कार की घोषणा की गई थी।

छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों को नगद पुरस्कार का इंतजार
34वें राष्ट्रीय खेलों में राज्य के लिए पदक  हासिल करने वाले छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों को भी नगद पुरस्कार का इंतजार है। मुख्यमंत्री डा. रमन सिंह ने राष्ट्रीय खेलों में टीम इवेंट और व्यक्तिगत इवेंट में पदक हासिल करने वाले खिलाड़ियों के लिए अलग-अलग घोषणा की थी। टीम इवेंट में स्वर्ण पदक पर पांच लाख, रजत पर तीन लाख और कांस्य पदक पर दो लाख रुपए के नगद पुरस्कार की घोषणा की गई थी। व्यक्तिगत इवेंट में स्वर्ण पर एक लाख रुपए, रजत पर 75 हजार और कांस्य पदक पर 50 हजार रुपए के नगद पुरस्कार की घोेषणा हुई थी। टीम इवेंट में हैंडबाल को स्वर्ण पदक पर पांच लाख रुपए, बास्केटबाल को रजत पदक पर तीन लाख रुपए और शूटिंग में टीम इवेंट के स्वर्ण पदक पर पांच लाख व व्यक्तिगत स्वर्ण पर एक लाख व कांस्य पदक पर 50 हजार रुपए और कराते में स्वर्ण पर एक  लाख रुपए का नगद पुरस्कार दिया जाएगा। कुश्ती में कांस्य पदक पर 50 हजार रुपए का नगद पुरस्कार दिया जाएगा। करीब 15 लाख  रुपए के नगद पुरस्कार पदक विजेताओं को दिए जाएंगे।

वेटलिफ्टिंग में इसी माह मिलेगी केरल के लिए पात्रता
केरल के 35वें राष्ट्रीय खेलों के पूर्व बेंगलूर में इस माह 22 मार्च से 27 मार्च तक सीनियर नेशनल महिला-पुरुष वेटलिफ्टिंग चैंपियनशिप का आयोजन किया जा रहा है। इस चैंपियनशिप के आधार पर खिलाड़ियों को केरल के नेशनल गेम्स के लिए पात्रता मिलेगी। छत्तीसगढ़ वेटलिफ्टिंग एसोसिएशन के सचिव सुकलाल जंघेल और संयुक्त सचिव तेजा सिंह साहू के मुताबिक सीनियर नेशनल के पूर्व भाठागांव में 9वीं राज्य स्तरीय सीनियर वेटलिफ्टिंग प्रतियोगिता का आयोजन किया  जाएगा जिसमें 62 किलोग्राम वजन वर्ग में मुकाबले खेले जाएंगे। इस प्रतियोगिता में बेहतर  प्रदर्शन के आधार पर राज्य की टीम का गठन सीनियर नेशनल के लिए किया जाएगा। उन्होंने छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों से सीयिनर नेशनल में बेहतर प्रदर्शन कर अगले नेशनल गेम्स के लिए पात्रता की उम्मीद जताई है।

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