11 जनवरी, 2011

छत्तीसगढ़ से खेलेंगे रेलवे के तीरंदाज
बाएं से रुशाली गोरले, मंजुधा, शिवनाथ, विकास और सक्रो बेसरा.
नेशनल गेम्स के लिए पात्रता मिली तो राज्य को मिल सकता है पदक
रायपुर, ११ जनवरी, २०११. झारखंड में 12 फरवरी से आयोजित होने वाले नेशनल गेम्स के लिए छत्तीसगढ़ तीरंदाजी एसोसिएशन ने कमर कस ली है। रेलवे के आधा दर्जन तीरंदाज छत्तीसगढ़ से खेलने की तैयारियां कर रहे हैं। इसके पहले ये खिलाड़ी विजयवाड़ा में अगले माह होने वाली सीनियर नेशनल आरचरी चैंपियनशिप में जौहर दिखाएंगे जिससे झारखंड की टिकट कटाई जा सके।
छत्तीसगढ़ प्रदेश आरचरी एसोसिएशन के सचिव कैलाश मुरारका ने बताया कि चार महिला खिलाड़ी झारखंड में होने वाले 34वें नेशनल गेम्स के लिए पहले ही पात्र हो चुके हैं। दक्षिण-पूर्व मध्य रेलवे बिलासपुर जोन के खिलाड़ी  छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व करने वाले हैं। लेकिन इसके पहले ये खिलाड़ी अगले माह 5 फरवरी से 10 फरवरी तक विजयवाड़ा में होने वाली सीनियर नेशनल आरचरी चैंपियनशिप में हिस्सा लेंगे। इस चैंपियनशिप में बेहतर प्रदर्शन के आधार पर खिलाड़ियों को झारखंड नेशनल गेम्स के लिए पात्रता मिलेगी। हालांकि जो खिलाड़ी छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व करने वाले है वे सभी अंतरराष्ट्रीय गोल्ड मेडलिस्ट हैं और इनका नेशनल गेम्स के लिए पात्रता हासिल करना तय माना जा रहा है। इन खिलाड़ियों में रुशाली गोरले, साकरो बेसरा, मंजूधा, शिवनाथ नगेशिया, वी प्रणीता और विकास सहरावत शामिल हैं। हाल ही में दक्षिण-पूर्व मध्य रेलवे आरचरी प्रतियोगिता में इन खिलाड़ियों ने हिस्सा   लिया था। साकरो बेसरा और मंजूधा मूलत: झारखंड की हैं और इन खिलड़ियों ने •ाारतीय टीम के लिए अंतरराष्ट्रीय स्तर पर पदक  हासिल किया है। साकरो ने झारखंड के लिए 2007 में गोवाहाटी नेशनल गेम्स में हिस्सा लिया था और वे चौथे स्थान पर रहीं थीं। विकास ने गोवाहाटी नेशनल गेम्स में रजत पदक हासिल किया था। शिवनाथ नागेशिया ने 2002 में हैदराबाद के नेशनल गेम्स में चैंपियन थे तो रुशाली ने 33वें नेशनल गेम्स में महाराष्ट्र का प्रतिनिधित्व किया था। मंजूधा ने 33वें नेशनल गेम्स में स्वर्ण पदक हासिल किया था। ये सभी खिलाड़ी दक्षिण-पूर्व मध्य रेलवे बिलासपुर के हैं और छत्तीसगढ़ का प्रतिनिधित्व करने से काफी प्रसन्न हैं। इन खिलाड़ियों ने यहां राज्य स्तरीय सबजूनियर आरचरी प्रतियोगिता के दौरान पत्रकारों से चर्चा करते हुए कहा कि वे छत्तीसगढ़ के लिए  बेहतर से बेहतर प्रदर्शन करेंगे और उन्हें पूरी उम्मीद है कि वे विजयवाड़ा की सीनियर नेशनल आरचरी चैंपियनशिप में न सिर्फ झारखंड नेशनल गेम्स के लिए पात्रता हासिल करेंगे बल्कि राज्य के लिए पदक भी जीतेंगे। उन्होंने कहा कि वे नेशनल गेम्स के लिए पात्र होने के बाद छत्तीसगढ़ के लिए  पदक जीतने हरसंभव प्रयास करेंगे। 



तीरंदाजी ने बढाया रोमांच 
राज्यस्तरीय सबजूनियर प्रतियोगिता में
 प्रदेशभर के खिलाड़ियों ने दिखाया जौहर
रायपुर, ११ जनवरी, २०११. झारखंड के धनबाद में होने वाली नेशनल सबजूनियर आरचरी चैंपियनशिप में हिस्सा लेने के पूर्व राजधानी में 9वीं राज्य स्तरीय आरचरी प्रतियोगिता का आयोजन किया गया। इस प्रतियोगिता में प्रदेश के 11 जिलों के खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। इस प्रतियोगिता में इंडियन राउंड के मुकाबले खेले गए।
राजधानी के आउटडोर स्टेडियम में आयोजित इस प्रतियोगिता में मेजबान रायपुर सहित दुर्ग, बिलासपुर, कवर्धा, जगदलपुर, बस्तर, नारायणपुर, कांकेर, महासमुंद और राजनांदगांव के 80 खिलाड़ियों ने हिस्सा लिया। प्रतियोगिता में बालक और  बालिका दोनों वर्ग में बिलासपुर की टीम ओवरआल चैंपियन रही। 30 मीटर के बालक वर्ग के मुकाबले में अघन सिंह बिलासपुर ने 345 अंक बनाकर पहला, बिलासपुर के ही खेमसिंग ने 323 अंक के साथ दूसरा और बिलासपुर के भागवत ने 322 अंक के साथ तीसरा स्थान हासिल कर लिया। 20 मीटर में भी बिलासपुर के खिलाड़ियों ने बाजी मारी। भागवत ने 360 में से 331 अंक के साथ पहला, अघन सिंह (329) दूसरा और खेमसिंग (324) ने तीसरा स्थान हासिल कर लिया। ओवरआल पहले स्थान पर अघन (720 में से 674 अंक), दूसरे स्थान पर •ाागवत (653) और तीसरे स्थान पर खेमसिंग (647) रहे। टीम चैंपियनशिप का खिताब बिलासपुर ने 2160 अंक में से 1974 अंक ब्नाकर जीता। बस्तर की टीम 1873 अंक के साथ दूसरे और नारायणपुर की टीम 1486 अंक के साथ तीसरे स्थान पर रही। बालक वर्ग के साथ-साथ बालिका वर्ग में  बिलासपुर के तीरंदाजों ने बाजी  मारी। 30 मीटर में बिलासपुर की मिनी मरकाम ने 324 अंक बनाकर पहला, सरोज खुसरो बिलासपुर ने 322 अंक बनाकर दूसरा और राजनांदगांव की अनुराधा ठाकुर ने 292 अंक के साथ तीसरा स्थान बनाया। 20 मीटर में सरोज खुसरो बिलासपुर ने 322 अंक बनाकर पहला, मिनी मरकाम बिलासपुर ने 311 अंक बनाकर दूसरा और राजनांदगांव की अनुराधा ठाकुर ने 275 अंक के साथ तीसरा स्थान हासिल किया। ओवरआल सरोज (644) पहले, मिनी मरकाम (635) दूसरे और अनुराधा ठाकुर (567) तीसरे स्थान पर रहीं। टीम चैंपियनशिप बिलासपुर ने 2160 में से 1817 अंकों के साथ जीती। दूसरे स्थान पर राजनांदगांव (1453) और तीसरे स्थान पर कांकेर (1222) की टीम रही। इस प्रतियोगिता के समापन समारोह में जिला पंचायत अध्यक्ष अशोक बजाज ने विजेता-उपविजेता खिलाड़ियों को पुरस्कृत किया। इस दौरान प्रदेश आरचरी एसोसिएशन के सचिव कैलाश मुरारका सहित कई अधिकारी और खिलाड़ी मौजूद थे। श्री मुरारका ने बताया कि इस प्रतियोगिता के आधार पर गठित होने वाली छत्तीसगढ़ की सबजूयिनर टीम झारखंड के धनबाद में इसी माह 19 से 24 जनवरी तक आयोजित होने वाली राष्ट्रीय सबजूनियर आरचरी प्रतियोगिता में हिस्सा लेगी। 

नन्हें तीरंदाजों ने किया उद्घाटन
9वीं राज्य स्तरीय सबजूनियर आरचरी प्रतियोगिता के उद्घाटन समारोह के मुख्य अतिथि छत्तीसगढ़ चेंबर आफ कामर्स एंड इंडस्ट्रीज के नवनिर्वाचित अध्यक्ष श्रीचंद सुंदरानी और  पूर्व अध्यक्ष पूरनलाल अग्रवाल बनाए गए थे। उद्घाटन स्थल पर राज्य आरचरी एसोसिएशन और प्रदेशभर के खिलाड़ियों ने करीब एक घंटा लंबा इंतजार किया। लेकिन अतिथि नहीं पहुंचे। अंतत: खिलाड़ी निराश हो गए और राज्य आरचरी एसोसिएशन ने खिलाड़ियों ने ही उद्घाटन कराने का निर्णय ले लिया। इस प्रतियोगिता में प्रदेश के कई जिलों के 10 से 12 साल तक की आयु के नन्हे तीरंदाज भी हिस्सा लेने पहुंचे थे। इनमें बालक और  बालिकाएं दोनों शामिल थीं। इन्हीं खिलाड़ियो से तीर चलवाकर प्रतियोगिता का उद्घाटन कराया गया। राज्य आरचरी एसोसिएशन के इस कदम की प्रदेश के खेल विशेषज्ञों और स्वयं खिलाड़ियों ने भी खूब सराहना की।