रायपुर। झारखंड नेशनल गेम्स में छत्तीसगढ़ के लिए कराते में स्वर्ण पदक हासिल करने वाले राजनांदगांव के खिलाड़ी अंबर सिंह भारद्वाज का अग्रसेन भवन में छत्तीसगढ़ कराते संघ ने सम्मान किया। अंबर ने कराते के 84 किलोग्राम वजन वर्ग में छत्तीसगढ़ के लिए पहला स्वर्ण पदक हासिल कर इतिहास रच दिया। छत्तीसगढ़ कराते संघ के सचिव अजय साहू ने बताया कि सम्मान समारोह के तहत अंबर सिंह को स्मृति चिन्ह, अभिनंदन पत्र प्रदान किया गया। अंबर ने राज्य के लिए कई बार राष्ट्रीय स्तर पर पदक हासिल किया है। इस दौरान अंबर ने कहा कि उनकी माता ने कहा था कि जब तक तपोगे नहीं तब तक सोना नहीं पाओगे और मां की इसी प्रेरणा ने उसे आगे बढ़ने के लिए हमेशा प्रेरित किया। अंबर ने बताया कि मुकाबले की फाइनल फाइट के दौरान राज्य ओलंपिक संघ के सचिव बशीर अहमद खान ने काफी उत्साहित किया और यह भी कहा कि फाइट जीतने के बाद ही वे सब साथ में खाना खाएंगे। ऐसा हुआ भी। अंबर ने कहा कि वे राज्य के लिए लगातार अपना बेहतर प्रदर्शन जारी रखेंगे। इस दौरान राज्य कराते संघ के अध्यक्ष विजय अग्रवाल, सचिव अजय साहू, डा. अनिल वर्मा, नीता डुमरे, कैलाश मुरारका सहित कई खेल संघों के पदाधिकारी और खिलाड़ी मौजूद थे।
छत्तीसगढ़ के मुख्यमंत्री डा. रमन सिंह ऐतिहासिक क्वींस बैटन रिले को हरी झंडी दिखाते हुए
20 फ़रवरी, 2011
अंबर का कराते संघ ने किया सम्मान
रायपुर। झारखंड नेशनल गेम्स में छत्तीसगढ़ के लिए कराते में स्वर्ण पदक हासिल करने वाले राजनांदगांव के खिलाड़ी अंबर सिंह भारद्वाज का अग्रसेन भवन में छत्तीसगढ़ कराते संघ ने सम्मान किया। अंबर ने कराते के 84 किलोग्राम वजन वर्ग में छत्तीसगढ़ के लिए पहला स्वर्ण पदक हासिल कर इतिहास रच दिया। छत्तीसगढ़ कराते संघ के सचिव अजय साहू ने बताया कि सम्मान समारोह के तहत अंबर सिंह को स्मृति चिन्ह, अभिनंदन पत्र प्रदान किया गया। अंबर ने राज्य के लिए कई बार राष्ट्रीय स्तर पर पदक हासिल किया है। इस दौरान अंबर ने कहा कि उनकी माता ने कहा था कि जब तक तपोगे नहीं तब तक सोना नहीं पाओगे और मां की इसी प्रेरणा ने उसे आगे बढ़ने के लिए हमेशा प्रेरित किया। अंबर ने बताया कि मुकाबले की फाइनल फाइट के दौरान राज्य ओलंपिक संघ के सचिव बशीर अहमद खान ने काफी उत्साहित किया और यह भी कहा कि फाइट जीतने के बाद ही वे सब साथ में खाना खाएंगे। ऐसा हुआ भी। अंबर ने कहा कि वे राज्य के लिए लगातार अपना बेहतर प्रदर्शन जारी रखेंगे। इस दौरान राज्य कराते संघ के अध्यक्ष विजय अग्रवाल, सचिव अजय साहू, डा. अनिल वर्मा, नीता डुमरे, कैलाश मुरारका सहित कई खेल संघों के पदाधिकारी और खिलाड़ी मौजूद थे।
आज मुकाबला दिल्ली से
अपनी ताकत, छत्तीसगढ़ पूल में नंबर वन
झारखंड के 34वें नेशनल गेम्स में छत्तीसगढ़ ने बास्केटबाल में अपना बेहतर प्रदर्शन बरकरार रखा है। छत्तीसगढ़ ने अपने पूल में महाराष्ट्र को हराकर नंबर वन की पोजीशन हासिल कर ली है। छत्तीसगढ़ ने सेमीफाइनल में पहले ही प्रवेश कर लिया है। रविवार को पूल में नंबर वन और नंबर टू की पोजीशन हासिल करने के लिए मुकाबले खेले गए जिसमें छत्तीसगढ़ ने जीत हासिल कर नेशनल गेम्स में तहलका मचा दिया। लेकिन छत्तीसगढ़ नेशनल गेम्स में रजत या स्वर्ण हासिल करेगी या नहीं यह कल दिल्ली से होने वाले सेमीफाइनल मुकाबले के बाद तय हो जाएगा। दूसरी तरफ राज्य की पुरुष टीम खिताब की दौड़ से बाहर हो गई।
रायपुर। राजधानी में खेली गई 25वीं फेडरेशन कप बास्केटबाल प्रतियोगिता में छत्तीसगढ़ की महिला टीम ने जिस तरह से प्रदर्शन दिखाया और स्वर्ण पदक हासिल किया उससे साफ जाहिर था कि नेशनल गेम्स में भी छत्तीसगढ़ का यही प्रदर्शन बरकरार रहेगा। छत्तीसगढ़ ने लीग मुकाबलों में बेहतरीन खेल का प्रदर्शन दिखाया है। छत्तीसगढ़ बास्केटबाल संघ के सचिव और टीम के अंतरराष्ट्रीय कोच राजेश पटेल के मुताबिक छत्तीसगढ़ की टीम को फेडरेशन कप का पूरा फायदा मिल रहा है क्योंकि फेडरेशन कप में राज्य के खिलाड़ियों का काफी अच्छा अभ्यास हो गया था और हमें अपनी गलितयों को सुधारने का मौका मिला। श्री पटेल ने कहा कि छत्तीसगढ़ की टीम ने पिछले साल नेशनल गेम्स में रजत पदक हासिल किया था लेकिन इस साल पूरी उम्मीद है कि टीम स्वर्ण पदक हासिल करेगी। छत्तीसगढ़ ने अपने पूल में तीनों ही मुकाबले जीत लिए। पहले मैच में टीम ने कर्नाटक को 71-40 से और दूसरे मैच में पंजाब को 82-51 अंक से हराकर सेमीफाइनल में जगह बना ली थी। रविवार को छत्तीसगढ़ ने पूल में नंबर वन बने रहने के लिए महाराष्ट्र को संघर्षपूर्ण मुकाबले में मात्र चार अंकों के अंतर 72-68 से पराजित किया। इस मैच को जीतने के लिए दोनों ही टीमों ने पूरी ताकत लगा दी थी। छत्तीसगढ़ की टीम पहले क्वार्टर में 24-16 अंक से पीछे थी। महाराष्ट्र की टीम से कड़ी टक्कर मिली। दूसरे क्वार्टर में भी महाराष्ट्र का दबदबा बना रहा और छत्तीसगढ़ की टीम एकतरफा 41-25 अंक से पीछे चल रही थी। तीसरे क्वार्टर में मैच काफी रोमांचक हो गया और यह क्वार्टर भी महाराष्ट्र ने जीत लिया। तब स्कोर 46-54 था। अंतिम क्वार्टर में छत्तीसगढ़ के खिलाड़ियों ने बेहतरीन खेल का प्रदर्शन करते हुए मुकाबला 72-68 अंक से जीत लिया। टीम की अंततरराष्ट्रीय खिलाड़ी एम पुष्पा ने सर्वाधिक 25, कप्तान अंजु लकड़ा ने 17, सीमा सिंह ने 14, भारती नेताम ने 13 अंक बनाए।
कर्नाटक को हराकर शुरू किया विजय अभियान
छत्तीसगढ़ ने नेशनल गेम्स में कर्नाटक को हराकर अपना विजय अभियान शुरू किया था। लीग के मुकाबलो में पहला मैच कर्नाटक के साथ खेला गया जिसमें छत्तीसगढ़ ने एकतरफा 71-40 से जीत हासिल की थी। इस मैच में छत्तीसगढ़ ने पहले ही क्वार्टर से एकतरफा बढ़त (22-6) बनाई थी। दूसरे क्वार्टर में छत्तीसगढ़ ने 35-19 और तीसरे क्वार्टर में टीम ने 50-25 अंक की बढ़त बनाई थी। टीम की अंतरराष्ट्रीय खिलाड़ी एम पुष्पा ने 21, कप्तान अंजु लकड़ा ने 14, सीमा सिंग ने 12, अरुणा किंडो ने 12, आकांक्षा सिंग ने 6, कविता ने 7 अंक बनाए। इसके बाद छत्तीसगढ़ ने दूसरे मैच में पंजाब और तीसरे मैच में महाराष्ट्र को पराजित किया।

टीम : राज्य की महिला टीम में कप्तान अंजु लकड़ा, सीमा सिंह, भारती नेताम, पुष्पा, अकांक्षा सिंह, अरुणा किंडो, एल दीपा, शोषण तिर्की ( दपूम रेलवे बिलासपुर), कविता, जेलना जोश (बीएसपी), पूजा देशमुख (रायपुर), निकिता गोदामकर (राजनांदगांव), मुख्य कोच राजेश पटेल, सहायक कोच इकबाल अहमद खान, प्रबंधक साजी टी थामस शामिल हैं। पुरुष वर्ग की टीम में अजय प्रताप सिंह कप्तान, किरणपाल सिंह, पवन तिवारी, अंकित पाणिग्रही, नलीन शर्मा, श्याम सुंदर, समीर राय, लुमेंद्र साहू, मनोज सिंह, सुशांत, आशुतोष सिंह, जानकी रामनाथ, मुख्य कोच आरएस गौर, सहायक कोच मो. असलम, प्रबंधक निलंजन नियोगी शामिल हैं। छत्तीसगढ़ की टीमों से राज्य संघ के चेयरमेन सोनमणी बोरा, अध्यक्ष राजीव जैन, उपाध्यक्ष अनिल पुसदकर, विजय डब्ल्यू देशपांडे, कमल सिंघल सहित कई पदाधिकारियों ने बेहतर प्रदर्शन की उम्मीद की है।
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